बायोम (Biome)- दुनियाँ के प्रमुख Bayom, वनस्पति और जीव जन्तु

बायोम (Biome)

पारिस्थितिकी में जैवमंडल के पार्थिव हिस्से (Terrestrial Parts) को कई बड़े क्षेत्रों में बांटा जाता है, जिन्हें बायोम (Biome) कहा जाता है। इन क्षेत्रों में बायोम का निर्धारण जलवायु, वनस्पति, वन्यजीव, एवं मिट्टी के प्रकार के आधार पर किया जाता है। दो भिन्न बायोम के मध्य की सीमा का निर्धारण तापमान एवं बर्षा जैसे जलवायवकीय कारकों के आधार पर किया जाता है।

बायोम के प्रमुख लक्षण

बायोम में निम्न प्रमुख लक्षण विद्यमान होते हैं-

  • प्रत्येक बायोम में पौधे तथा प्राणी साथ-साथ सामंजस्यपूर्ण अवस्था में रहते हैं। ये परस्पर अन्तनिर्भर रहते हैं।
  • बायोम में पौधे तथा प्राणियों के मध्य अंतर्संबंध विद्यमान होता है, जिनके मध्य लगातार क्रिया-प्रतिकृया चलती रहती है।
  • बायोम विशेष में साम्यता दिखाई देती है, जिससे एक बायोम इकाई का स्रजन होता है।
  • दो बायोम के मध्य एक संक्रमण प्रदेश होता है, जिनमें दोनों के लक्षण थोड़ी मात्रा में उपस्थित होते हैं।
  • वनस्पतियाँ किसी बायोम के प्रधान लक्षणों को अभिव्यक्त करती हैं।
  • वनस्पतियों में भिन्नता पर्यावरणीय भिन्नताओं के कारण उद्घाटित होती है, जिससे अलग-अलग बायोम इकाई का स्रजन होता है तथा प्रत्येक बायोम में साम्यता रहती है।

दुनियाँ के प्रमुख बायोम और उनकी विशेषताएँ, एवं उनमें पायी जाने वाली प्रमुख वनस्पतियाँ तथा प्रमुख जीव जन्तु

Bayom (Biome)

बायोम (Biome) विशेषताएँ प्रमुख वनस्पति प्रमुख जीव-जन्तु
उष्ण कटिबंधीय सदाबहार वन (Tropical Evergreen Rainforest) स्थिति एवं विस्तार

10° उत्तरी व 10° दक्षिणी अक्षांशो के मध्य अमेज़न बेसिन, कांगो बेसिन तथा इंडोनेसिया में सर्वाधिक विस्तार

जलवायु

उच्च सापेक्षिक आर्द्रता, बर्षभर एक ही ऋतु

औसत बार्षिक बर्षा: 200 सेमी॰ से अधिक

औसत तापमान: 20°C से लगभग

महोगनी, एबोनी, रोज़वूड, नारियल, ताड़ व निचले स्तर पर शाकीय पौधे अनेक व्रक्षवासी जन्तु, (गिलहरी, लंगूर आदि), गोरिल्ला, चिंपांज़ी, अफ्रीकी हाथी, भैसा
मानसूनी वन (Monsoon Forest) स्थिति एवं विस्तार

पश्चिमी द्वीप समूह, इंडो मलेशिया क्षेत्र एवं अफ्रीका व उत्तरी आस्ट्रेलिया

जलवायु

आर्द्र व शुष्क दो स्पष्ट ऋतुएँ, आर्द्र ग्रीष्मकाल व शुष्क शीत ऋतु

औसत बार्षिक बर्षा: 100-200 सेमी॰

औसत तापमान: शीतकाल में 10°-27°C, ग्रीष्मकाल में 27°-32°C

साल, सागौन, बांस व्रहताकार हाथी, हिप्पोपोटामस रेपटाइल्स, मछली, मच्छर
सवाना (Savana) स्थिति एवं विस्तार

भूमध्य रेखा के दोनों ओर 10° से 20° अक्षांशो के मध्य कोलम्बिया तथा वेनेजुएला के लानोज, दक्षिणी मध्य ब्राज़ील, गुयाना, पराग्वे, अफ्रीका के बिषुवतरेखीय जलवायु के उत्तरी व दक्षिणी भाग

जलवायु

बर्ष में तीन ऋतुएँ

औसत बार्षिक बर्षा: 50 से 200 सेमी॰ के मध्य

औसत तापमान: शीतकाल में 22° से 0°C लगभग

घासों का बाहुल्य, जो स्थूल (Coarge) ब कड़ी होती हैं। कहीं-कहीं झाड़ियाँ व व्रक्ष भी पाये जाते हैं कंगारू, जेब्रा, जिराफ़, हाथी, शेर
भूमध्य सागरीय (Mediterranean) स्थिति एवं विस्तार

दोनों गोलार्धों में महाद्वीपों के पश्चिमी भाग में 30° से 40° अक्षांशो के मध्य अर्थात उत्तर अमेरिका में कैलीफोर्नियां, दक्षिण अमेरिका में मध्य चिर्ली, अफ्रीका में भूमध्यसागरीय भाग व केपटाउन (दक्षिण अफ्रीका), आस्ट्रेलिया के दक्षिण पश्चिमी तट, एशिया के भूमध्यसागरीय भाग

जलवायु

गर्म शुष्क ग्रीष्मकाल ऋतु तथा आर्द्र शीत ऋतु

यूकेतिटटस, रसदार व खट्टे फल, ओक, बीच खरगोश, छिपकली, सर्प, जेब्रा कंगारू
शीतोष्ण घास (Temperate Grassland) स्थिति एवं विस्तार

उत्तरी अमेरिका में प्रेयरी, यूरेशीया में स्टेपी, आस्ट्रेलिया में डाडंस, अफ्रीका में वेल्ड, दक्षिण अमेरिका में पंपास क्षेत्र

जलवायु

औसत बार्षिक बर्षा: 25 से 70 सेमी॰

घासों की प्रमुखता, कहीं-कहीं व्रक्ष भी पंपा, हिरण, एमू, शुतुरमुर्ग, रिया, बाज, भेड़िया
शीतोष्ण कोणधारी वन (Taiga Forest) स्थिति एवं विस्तार
उत्तरी अमेरिका व यूरेशिया के शीत महाद्वीपीय व उप-ध्रुवीय जलवायु प्रदेशजलवायु

अतिशीत, लंबी शीत ऋतु व लघु अवधि वाली ग्रीष्मकाल ऋतु

औसत बार्षिक बर्षा: 50 से 200 सेमी॰ तक (जल व हिम दोनों)

स्प्रूस, पाइन, लार्च जैसे कोंणधारी व्रक्ष, शंकुधारी व्रक्ष कैरीबू, लाल गिलहरी, हॉक्स, भालू
टुंड्रा (Tundra) स्थिति एवं विस्तार

अलास्का, कनाडा के सुदूर उत्तरी भाग, यूरोपीय रूस तथा साइबेरिया के उत्तरी भाग व आर्कटिक द्वीप

जलवायु

औसत बार्षिक बर्षा: 40 सेमी॰ से कम

तापमान: 10°C से कम

काई, लाईकेन ध्रुवीय भालू, रेंडियार, कैरीबू
सागरीय पैलेजिक (Marine) इसमें सागर ताल से लेकर सागर तलीय तक का जलीय भाग सामील है। इसके दो भाग हैं-

  1. प्रकाशित बायोम या ऊपरी पैलेजिक बायोम, जिसकी गहराई 200 मीटर तक होती है।
  2. अप्रकाशित बायोम या निचला पैलेजिक बायोम, जिसकी गहराई 200 मीटर से लेकर सागरतली तक होती है।
शैवाल, फ़ाइंटों प्लैंकटन, सारगासों घास प्लैंकटन (सागरीय जल के ऊपर तैरने वाले पादप व प्राणी), नेक्टन (सागर की गहराइयों में स्वयं तैरने वाले जीव), बेन्थस (सागर तली में रहने वाले जीव)

पढ़ें:- पारिस्थितिकी (Ecology) – Paristhitiki की परिभाषा, कारक, नियम आदि और पर्यावरण (Environment) – परिभाषा, विशेषताएँ, प्रकार, संरचना और संघटक, अजैविक घटक (Abiotic Components)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *